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- गुरू साहिब के दिखाऐ मार्ग पर चलते सिख कौम ने जाति पात और धर्म का भेदभाव किए बगैर मानवता की सेवा की : मनजिन्दर सिंह सिरसा
नई दिल्ली, 28 अक्तूबर
कोरोना काल में से मानवता की सेवा के लिए आज दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और यू.पी की सिंह सभाओं का लखनऊ में सम्मान किया गया। दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी के प्रधान सरदार मनजिन्दर सिंह सिरसा और अन्य सदस्यों ने केंद्रीय सिंह सभा गुरुद्वारा आलमबाग लखनऊ में हुए समागम दौरान यह सम्मान प्राप्त किया।
इस मौके संबोधन करते हुए सरदार सिरसा ने कहा कि वह सरदार निर्मल सिंह और समुची टीम का बहुत बहुत धन्यवाद करते हैं, जिन्होंने दिल्ली कमेटी और समूचे उत्तार प्रदेश की सिंह सभाओं का सम्मान किया जिन्होंने मानवता की सेवा की। उन्होंने कहा कि आज के समागम में यू.पी के ग्रह सचिव अवनीश कुमार अवस्थी और उनके माता श्रीमती उषा अवस्थी का सम्मान होना बहुत ही सम्मान वाली बात है। उन्होंने कहा कि हम बड़े बुजुर्गों से सुनते थी कि घर की पालनहार माँ होती है। उन्होंने कहा कि पिता तो रोजगार के लिए घर चलाने के लिए योजना में लगा रहता है जबकि माँ गुरु चरणों में जोड़ती है, संस्कार देती है और मानवता की सेवा सिखाती है। उन्होंने कहा कि वह ऐसी माता जी का धन्यवाद करते हैं जिन्होंने बच्चे को ऐसे संस्कार दिए कि देश की सेवा कर रहे हैं और मानवता की सेवा कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि आज देश और दुनियां के अंदर ऐसे लोगों की जरूरत है जिन के मन में किसी प्रति दुर्भावना न हो और मानवता की सेवा ही उसके लिए सबसे ऊपर हो। उन्होंने कहा कि यह बहुत गर्व वाली बात है कि सिर्फ इस जगह पर ही नहीं बल्कि देश और दुनियां के अंदर जितनी भी सिंह सभाएं और सिख भाई थे उन्होंने अपनी जानों की परवाह न करते हुए मानवता की सेवा की।
उन्होंने कहा कि कोरोना में भी सिंहों ने गुरू साहिबान के उपदेश पर चलते हुए न कोई धर्म और न कोई जाति देखी और सब की सेवा की और कीमती जानें बचाई। इस धरती पर यदि बुरे मानव हैं तो ऐसे भी हैं जिन्होंने इस धरती का भार उठाया है। यह गुरु साहिब की रहमत है।
इस मौके सरदार सिरसा के साथ श्री एम पी यह चड्ढा, गुरदेव सिंह, हरजीत सिंह पप्पा, रमिन्दर सिंह सवीटा और भुपिन्दर सिंह गिन्नी भी लखनऊ पहुँचे।
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