एकता नगर में जब खुद को रोक नहीं पाए PM मोदी: 5,000 कलाकारों की धुन पर टोपी पर थिरकने लगीं उंगलियां; देखें भव्य परेड की झलकियां


सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश मार्कंडेय काटजू ने विपक्षी नेताओं को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक व्यंग्यात्मक पोस्ट साझा किया है। इस पोस्ट में उन्होंने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के प्रमुख नेताओं को अलग-अलग केंद्रीय मंत्रालयों की जिम्मेदारी दिए जाने का जिक्र किया है।
काटजू की इस पोस्ट को हाल ही में कांग्रेस समेत विपक्षी दलों की ओर से आयोजित मॉक पार्लियामेंट से जोड़कर देखा जा रहा है। यह आयोजन 31 अक्टूबर 2026 को राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के सरकारी आवास पर हुआ था।
मार्कंडेय काटजू ने अपने पोस्ट में व्यंग्यात्मक अंदाज में लिखा कि मॉक पार्लियामेंट में सोनिया गांधी को राष्ट्रपति, फारूक अब्दुल्ला को उपराष्ट्रपति और राहुल गांधी को प्रधानमंत्री चुना गया है। वहीं ममता बनर्जी को गृह मंत्री, कपिल सिब्बल को वित्त मंत्री और अखिलेश यादव को रक्षा मंत्री बनाए जाने का उल्लेख किया।
पोस्ट में प्रशांत भूषण को कानून मंत्री, योगेंद्र यादव को शिक्षा मंत्री, तेजस्वी यादव को कृषि मंत्री और प्रियंका गांधी को महिला मामलों की मंत्री बनाए जाने की बात भी कही गई। नेहा बोरा को जेन-जी मामलों की मंत्री बनाने का जिक्र भी किया गया।
काटजू ने अपनी पोस्ट में सभी कथित नियुक्तियों पर बधाई देते हुए उम्मीद जताई कि अब भारत समृद्धि के युग में प्रवेश करेगा। उन्होंने गरीबी, बेरोजगारी, बच्चों में कुपोषण, स्वास्थ्य सेवाओं की कमी, अच्छी शिक्षा और महंगाई जैसी समस्याओं का उल्लेख करते हुए व्यंग्य किया।
31 अक्टूबर को विपक्षी दलों और सिविल सोसाइटी के प्रतिनिधियों ने मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर मॉक पार्लियामेंट आयोजित की थी। इसकी अध्यक्षता लोकसभा की पूर्व स्पीकर मीरा कुमार ने की। इस दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जन महाभियोग प्रस्ताव पेश किया गया था। विपक्ष ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर गंभीर आरोप लगाए थे।
मार्कंडेय काटजू की यह पोस्ट विपक्षी दलों की इसी राजनीतिक गतिविधि पर व्यंग्य के रूप में सामने आई है।
संपादक, आज की दिल्ली







