सामग्री पर जाएँ
Aaj Ki Delhi
धर्म

Phalguna Amavasya 2026: फाल्गुन अमावस्या की रात भूलकर भी न करें ये गलतियां, वरना हो सकता है भारी नुकसान!

Journalist Today Network1 मिनट में पढ़ें

पंचांग के अनुसार फाल्गुन माह की अमावस्या का विशेष धार्मिक महत्व है। इसे पितृ तर्पण, श्राद्ध कर्म और दान-पुण्य के लिए अत्यंत शुभ तिथि माना जाता है। वर्ष 2026 में फाल्गुन अमावस्या 17 फरवरी, मंगलवार को पड़ रही है। इस दिन पितरों की शांति और आशीर्वाद के लिए विशेष पूजा-अर्चना की जाती है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अमावस्या की रात कुछ कार्यों से बचना चाहिए। इस दिन पितरों के निमित्त तर्पण, पिंडदान और जरूरतमंदों को दान करना शुभ माना जाता है, जबकि नकारात्मक विचार, विवाद और अपशब्दों से दूर रहना चाहिए। मान्यता है कि इस रात घर में कलह करने या बुजुर्गों का अपमान करने से पितृ दोष बढ़ सकता है।
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार अमावस्या की रात मांस-मदिरा का सेवन, अनावश्यक यात्रा और किसी का अपमान करने से बचना चाहिए। साथ ही इस दिन पीपल के वृक्ष के नीचे दीपक जलाना, काले तिल और जल से तर्पण करना तथा ब्राह्मणों या गरीबों को भोजन कराना शुभ फलदायी माना गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि श्रद्धा और संयम के साथ किए गए कर्म ही फलदायी होते हैं। इसलिए फाल्गुन अमावस्या की रात सतर्कता और सकारात्मक सोच के साथ बिताएं, ताकि पितरों का आशीर्वाद प्राप्त हो और जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहे।

धर्म की और ख़बरें

सभी देखें